2026 में कुल शुभ अन्नप्राशन मुहूर्त — New Delhi
नक्षत्र, तिथि और ग्रह-स्थिति के अनुसार पंचांग-शुद्ध गणना
2026 में शुभ मुहूर्त — ऋतु के अनुसार
नीचे दी गई जानकारी New Delhi के लिए 2026 की वास्तविक पंचांग-गणना पर आधारित है।
जनवरी, अप्रैल, अक्टूबर: मुहूर्त का शीर्ष काल
जनवरी, अप्रैल, अक्टूबर में कुल 30 शुभ मुहूर्त तिथियाँ हैं — यह 2026 का सर्वाधिक अनुकूल काल है। इन महीनों में चातुर्मास नहीं होता और अनुकूल नक्षत्रों की संख्या अधिक होती है — इसीलिए इस काल में सबसे अधिक शुभ मुहूर्त मिलते हैं।
फरवरी–मार्च, मई–सितम्बर, नवम्बर–दिसम्बर: शुभ मुहूर्त की दूसरी खिड़की
फरवरी–मार्च, मई–सितम्बर, नवम्बर–दिसम्बर में कुल 59 अतिरिक्त शुभ मुहूर्त तिथियाँ उपलब्ध हैं। यह काल उन लोगों के लिए उपयोगी है जो मुख्य काल में तिथि नहीं पा सके। ग्रह-स्थिति और नक्षत्र-संयोग के आधार पर इन महीनों में भी उत्तम मुहूर्त मिल सकते हैं।
पंचांग-शुद्ध अन्नप्राशन मुहूर्त — आपके शहर के अनुसार
अन्नप्राशन संस्कार वह क्षण है जब शिशु पहली बार ठोस भोजन ग्रहण करता है। आश्वलायन गृह्यसूत्र के अनुसार यह षोडश संस्कारों में सम्मिलित है, और धर्मसिन्धु में लड़कों के लिए सम-मास (6वें, 8वें) और लड़कियों के लिए विषम-मास (5वें, 7वें) में अन्नप्राशन का विधान स्पष्ट रूप से उल्लिखित है। माना जाता है कि इस दिन का पंचांग-शुद्ध होना शिशु के पाचन स्वास्थ्य और दीर्घायु को प्रभावित करता है।
हमारा इंजन नक्षत्र, तिथि, योग, वार और शिशु की आयु के अनुसार उपयुक्त मास का एक साथ परीक्षण करता है। मूल और आर्द्रा जैसे वर्जित नक्षत्र स्वतः हट जाते हैं।
अन्नप्राशन का ज्योतिषीय महत्व
जो नक्षत्र शिशु के स्वास्थ्य और वृद्धि के कारक हैं — विशेषतः गुरु के नक्षत्र (पुनर्वसु, विशाखा) — अन्नप्राशन में विशेष फलदायी माने जाते हैं।
अन्नप्राशन मुहूर्त के शास्त्रीय नियम
अन्नप्राशन मुहूर्त — अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
अन्य शुभ मुहूर्त कैलकुलेटर
यह कैलकुलेटर वैदिक पंचांग नियमों पर आधारित है। महत्वपूर्ण संस्कारों के लिए किसी योग्य ज्योतिषाचार्य से परामर्श अवश्य लें।
