✓ प्रयागराज के हिसाब से सही गणना • मिनट तक सटीक⚙️ लहिरी अयनांश • NASA JPL आँकड़े

Prayagraj में आज (9 जुलाई 2026) सूर्य-चंद्र

सूर्योदय
5:18 AM
सूर्यास्त
6:56 PM
चंद्रोदय
12:07 AM
चंद्रास्त
1:40 PM
सूर्य राशि
मिथुन
चंद्र राशि
मेष
लग्न (सूर्योदय)
मिथुन (Gemini)
पूरा लग्न चक्र →

Prayagraj का आज का पंचांग

मास
आषाढ़
पूरा दिन
पक्ष
कृष्ण पक्ष
तक 11:37 PM
तिथि
नवमी
कृष्ण पक्ष
तक 10:39 AM
दशमी
कृष्ण पक्ष
तक 11:37 PM
नक्षत्र
तक 2:56 PM
तक 11:37 PM
करण
गरज
तक 10:39 AM
वणिज
तक 9:33 PM
भद्रा
तक 11:37 PM
योग
सुकर्मा
तक 10:11 AM
धृति
तक 11:37 PM
🧭
दिशाशूल
Dakshin — दक्षिण
आज दक्षिण दिशा में यात्रा न करें

आज का शुभ योग

सर्वार्थ सिद्धि योग
2:56 PM तक
गुरुवार को अश्विनी नक्षत्र
सभी कार्य सिद्ध होते हैं। नवीन कार्य, यात्रा और महत्वपूर्ण निर्णयों के लिए उत्तम।
पूरी तिथि सूची देखें

Prayagraj के आज के मुहूर्त

⚠️
राहु काल
1:50 PM - 3:32 PM
इस समय नया काम, सौदा, सफ़र या पूजा-पाठ शुरू न करें।
अभिजीत मुहूर्त
शुभ
11:43 AM - 12:31 PM
दोपहर के समय का अत्यंत शुभ मुहूर्त; नए कार्य प्रारंभ करने के लिए उपयुक्त। अन्य मुहूर्त न मिले तो यह सर्वोत्तम विकल्प है।
ब्रह्म मुहूर्त
शुभ
3:42 AM - 4:30 AM
भोर से पहले का समय; ध्यान, अध्ययन और साधना के लिए श्रेष्ठ।
गोधूलि मुहूर्त
शुभ
6:44 PM - 7:08 PM
सूर्यास्त के आसपास का संध्या समय; गृहप्रवेश, वाहन खरीद और विशेष अनुष्ठानों के लिए शुभ।
⚠️
यमगण्ड
5:18 AM - 7:01 AM
नए कार्य, व्यापार या यात्रा शुरू करने से बचें।
⚠️
गुलिका काल
8:43 AM - 10:25 AM
नए उपक्रमों के लिए सामान्यतः वर्जित; कुछ परंपराओं में यात्रा के लिए उचित।
⚠️
दुर्मुहूर्त
9:51 AM - 10:45 AM
अशुभ समय; सभी शुभ कार्यों से परहेज करें।
⚠️
दुर्मुहूर्त
3:18 PM - 4:13 PM
अशुभ समय; सभी शुभ कार्यों से परहेज करें।
⚠️
वर्ज्यम
92 मिनट
11:0712:38
अश्विनी नक्षत्र वर्ज्यम
नक्षत्र आधारित अशुभ काल। शुभ कार्य आरंभ न करें।
⚠️
वर्ज्यम
89 मिनट
23:5201:21
भरणी नक्षत्र वर्ज्यम
नक्षत्र आधारित अशुभ काल। शुभ कार्य आरंभ न करें।

✨ दैनिक राशिफल

🌙 आज चंद्रमा मेष राशि में

आज का राशिफल — अपनी चंद्र राशि चुनें

करियर, व्यापार, प्रेम, धन और स्वास्थ्य का चंद्र राशि आधारित दैनिक भविष्यफल — प्रतिदिन अपडेट।

अपनी राशि चुनें

🔱 जैमिनी सूत्र

आकाश संसार का दर्पण है — आत्मकारक आपकी आत्मा का।

आज के पंचांग के पीछे वही वैदिक विज्ञान आपका आत्मकारक प्रकट करता है — वह ग्रह जो आपकी आत्मा का उद्देश्य धारण करता है।

आत्मकारक व सभी 7 चर कारककाराकांश व इष्ट देवताचर दशा जीवन-कालक्रमअरूढ़ व उपपद लग्नजैमिनी राज व आयु योगव्यक्तिगत उपाय व मंत्र
Location Info
Prayagraj
25.4358, 81.8463Asia/Kolkata
दिन कितना लंबा:13h 38m
🌘चंद्रमा की कला:Krishna Kshaya Chandra (Waning Crescent)
  • संगम के मैदान में सर्दियों में घना कोहरा; ऐसी सुबह देर से शुरू करें।
  • बसंत में गर्म 'लू' — दोपहर 12 से 4 बजे बाहर न निकलें।
  • मानसून के बाद शांत हवा; घाटों पर शाम सुहावनी।
Cultural Heritage
  • संगम घाट, हनुमान मंदिर; कुंभ/अर्ध कुंभ युगांतरकारी मेले।
  • माघ मेला, छठ पूजा और कार्तिक पूर्णिमा दीप दान।
  • सरस्वती पूजा, नवरात्रि आरती और अखाड़ों-घाटों पर दिवाली।