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Kolkata में आज (21 मार्च 2026) सूर्य-चंद्र
सूर्योदय
5:40 AM
सूर्यास्त
5:47 PM
चंद्रोदय
6:53 AM
चंद्रास्त
8:13 PM
Kolkata का आज का पंचांग
मास
चैत्र
पूरा दिन
पक्ष
शुक्ल पक्ष
तक 11:37 PM
तिथि
Dvitiya
शुक्ल पक्ष
तक 2:32 AM
तृतीया
शुक्ल पक्ष
तक 11:37 PM
करण
कौलव
तक 2:32 AM
तैतिल
तक 1:16 PM
गरज
तक 11:37 PM
योग
इन्द्र
तक 7:01 PM
वैधृति
तक 11:37 PM
🧭
दिशाशूल
Poorv — पूर्व
आज पूर्व दिशा में यात्रा न करें
⚠️
आज पंचक सक्रिय
Raj Panchak
Raj Panchak सक्रिय है। महत्वपूर्ण कार्यों में सावधानी बरतें।
बचें: Cremation, Roof Construction, South Travel, Big Auspicious Events
Kolkata के आज के मुहूर्त
⚠️
राहु काल
8:42 AM - 10:12 AM
इस समय नया काम, सौदा, सफ़र या पूजा-पाठ शुरू न करें।
अभिजीत मुहूर्त
11:19 AM - 12:07 PM
दोपहर के समय का अत्यंत शुभ मुहूर्त; नए कार्य प्रारंभ करने के लिए उपयुक्त। अन्य मुहूर्त न मिले तो यह सर्वोत्तम विकल्प है।
ब्रह्म मुहूर्त
4:04 AM - 4:52 AM
भोर से पहले का समय; ध्यान, अध्ययन और साधना के लिए श्रेष्ठ।
गोधूलि मुहूर्त
5:35 PM - 5:59 PM
सूर्यास्त के आसपास का संध्या समय; गृहप्रवेश, वाहन खरीद और विशेष अनुष्ठानों के लिए शुभ।
⚠️
यमगण्ड
1:14 PM - 2:45 PM
नए कार्य, व्यापार या यात्रा शुरू करने से बचें।
⚠️
गुलिका काल
5:40 AM - 7:11 AM
नए उपक्रमों के लिए सामान्यतः वर्जित; कुछ परंपराओं में यात्रा के लिए उचित।
⚠️
दुर्मुहूर्त
5:40 AM - 6:28 AM
अशुभ समय; सभी शुभ कार्यों से परहेज करें।
⚠️
दुर्मुहूर्त
6:28 AM - 7:17 AM
अशुभ समय; सभी शुभ कार्यों से परहेज करें।
⚠️
वर्ज्यम
20:56 – 22:25
अश्विनी नक्षत्र वर्ज्यम
नक्षत्र आधारित अशुभ काल। शुभ कार्य आरंभ न करें।
📿
आज का त्योहार / व्रत
3
🕉️
Gangaur
observance
🙏
Gauri Puja
vrat
व्रत का दिन
🕉️
Matsya Jayanti
celebration
Location Info
Kolkata
22.5726, 88.3639 • Asia/Kolkata
दिन कितना लंबा:12h 7m
🌒चंद्रमा की कला:Nava Chandra (Waxing Crescent)
- नम मौसम; मई-जून में दोपहर बाद 'काल बैसाखी' तूफ़ान आते हैं।
- शाम को समुद्री हवा से राहत; सुबह उमस भरी होती है।
- मानसून में बादलों से रोशनी जल्दी बदलती है — काम में थोड़ा समय रखें।
Cultural Heritage
- कालीघाट और दक्षिणेश्वर मंदिर शहर की भक्ति का केंद्र।
- दुर्गा पूजा के पंडाल गलियां बदल देते हैं; कुमारटोली में मूर्तियां।
- काली पूजा/दिवाली, रथ यात्रा और सरस्वती पूजा धूमधाम से।