शनि

शनि नक्षत्र गोचर 2026

ग्रह गोचर

"जब ग्रह राशि बदलते हैं, जीवन बदलता है।"

New Delhi के लिए शनि नक्षत्र गोचर 2026 की सटीक तारीखें और समय। सभी 3 नक्षत्र परिवर्तनों की विस्तृत सूची।

वर्तमान राशि
मीन
अंश
6.7°
परिवर्तन
3
दैनिक गति
0.12°/दिन

वर्ष और शहर चुनें

वर्ष
2026

शनि का नक्षत्र गोचर अपनी मंद गति के कारण प्रत्येक नक्षत्र में कई महीनों तक चलता है। जब शनि किसी नए नक्षत्र में प्रवेश करता है, तो कर्म पाठों का स्वरूप सूक्ष्म रूप से बदल जाता है। पुष्य में शनि व्यवस्थित विकास और सामाजिक उत्तरदायित्व लाता है, जबकि उत्तर भाद्रपद में आध्यात्मिक साधना को गहरा करता है। शनि एक नक्षत्र में लगभग 3-5 माह रहता है, इसीलिए हर नक्षत्र अवधि ढाई वर्ष के दीर्घ राशि गोचर में एक अलग अध्याय रचती है — जो व्यापारिक चक्र और न्यायिक मामलों के समय निर्धारण में नक्षत्र अनुसरण को अत्यंत मूल्यवान बनाती है।

नक्षत्र गोचर सारणी 2026

4 परिवर्तन
1

पूर्वा भाद्रपद (Purva Bhadrapada)

वक्री

मीन राशि में · स्वामी: बृहस्पति · देवता: Aja Ekapada

3 अक्टू 2025, 11:41 अपराह्न → 20 जन 2026, 10:52 पूर्वाह्न

💡 Includes retrograde period within this nakshatra

108.5 दिन (~3.6 माह)
2

उत्तरा भाद्रपद (Uttara Bhadrapada)

वर्तमान

मीन राशि में · स्वामी: शनि · देवता: Ahir Budhnya

20 जन 2026, 10:52 पूर्वाह्न → 17 मई 2026, 2:37 अपराह्न

117.2 दिन (~3.9 माह)
3

रेवती (Revati)

वक्री

मीन राशि में · स्वामी: बुध · देवता: Pushan

17 मई 2026, 2:37 अपराह्न → 9 अक्टू 2026, 8:51 अपराह्न

💡 Includes retrograde period within this nakshatra

145.2 दिन (~4.8 माह)
4

उत्तरा भाद्रपद (Uttara Bhadrapada)

वक्री

मीन राशि में · स्वामी: शनि · देवता: Ahir Budhnya

9 अक्टू 2026, 8:51 अपराह्न → 8 फर 2027, 7:51 पूर्वाह्न

💡 Includes retrograde period within this nakshatra

121.5 दिन (~4 माह)
⚠️2026 में वक्री गोचर

27 जुल 202611 दिस 2026

मीन राशि में · 350.5° → 343.7°

137 दिन

नक्षत्र गोचर क्या है?

नक्षत्र 13°20' के भाग हैं — राशि से सूक्ष्म। मुहूर्त निर्णय के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

साढ़े साती 7.5 वर्ष की अवधि है जब शनि आपकी जन्म चंद्र राशि से 12वें, 1ले और 2रे भाव से गोचर करता है। प्रत्येक चरण लगभग 2.5 वर्ष का होता है। शनि एक राशि में लगभग 2.5 वर्ष रहता है, जो इसके गोचर को वैदिक ज्योतिष में सबसे भयकारी और सम्मानित बनाता है।
शनि एक राशि में लगभग 2.5 वर्ष रहता है। सभी 12 राशियों का चक्र पूरा करने में लगभग 29.5 वर्ष लगते हैं। शनि की धीमी गति के कारण इसके गोचर प्रभाव गहरे, परिवर्तनकारी और दीर्घकालिक माने जाते हैं।
नक्षत्र गोचर 27 चंद्र नक्षत्रों (नक्षत्रों) के माध्यम से ग्रह की गति को ट्रैक करता है। प्रत्येक नक्षत्र राशि चक्र के 13°20' का विस्तार करता है। नक्षत्र गोचर राशि गोचर से अधिक सूक्ष्म है और नक्षत्र स्वामी (विंशोत्तरी दशा स्वामी) के माध्यम से ग्रह का सूक्ष्म प्रभाव प्रकट करता है।